Last Updated:March 02, 2026, 08:42 IST
Surya Kumar Yadav bowing down to Sanju Samson: भारतीय टीम के ओपनर संजू सैमसन ने मैच जिताऊ पारी खेलकर टीम को आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप सेमीफाइनल में पहुंचाया. 97 रन की इस पारी के बाद खुद कप्तान सूर्यकुमार यादव ने आकर उनके सामने सिर झुकाया.

नई दिल्ली. भारतीय क्रिकेट टीम ने आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल में शान से कदम रखा. अगर टीम ने अंतिम चार में जगह बनाई तो इसके पीछे उस खिलाड़ी का हाथ है जिसे शरुआती मुकाबलों में कप्तान सूर्यकुमार यादव ने प्लेइंग इलेवन से बाहर कर दिया था. संजू सैमसन ने वेस्टइंडीज के खिलाफ नाबाद 97 रन की पारी खेल भारत के टूर्नामेंट जीतने की उम्मीदों में नई जान भरी. जहां कोई बल्लेबाज 30 रन नहीं बना पाया वहां इस बैटर ने अकेले गेंदबाजों के छक्के छड़ा दिए. पारी ऐसी थी जिसने सूर्या को भी अपना सिर झुकाने पर मजबूर कर दिया.
सूर्यकुमार यादव ने वेस्टइंडीज के खिलाफ भारत की ‘करो या मरो’ जीत के बाद संजू सैमसन की जमकर तारीफ की. विकेटकीपर-बल्लेबाज संजू सैमसन ने ईडन गार्डन्स में खेले गए इस रोमांचक मुकाबले में अहम भूमिका निभाई और भारत को सेमीफाइनल में पहुंचाया. पांच विकेट से मिली जीत के बाद भारतीय कप्तान ने कहा, “बहुत अच्छा महसूस हो रहा है. यह वही रात थी, जो ड्रेसिंग रूम की गहराई और खिलाड़ियों की काबिलियत दोनों की परीक्षा लेती है. जैसा कि सबने कहा, यह ‘करो या मरो’ मुकाबला था. जिस तरह से लड़कों ने जज्बा दिखाया, वह देखने लायक था.”
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मैच खत्म होने के बाद मैदान पर कदम रखने के बाद कप्तान सूर्यकुमार यादव अपने चैंपियन बल्लेबाज संजू सैमसन के सामने गए. उनके चेहरे पर राहत भरी मुस्कान थी और अपनी कैप को सिर से उतारा. सामने गए और फिर झुकते हुए उनको सलामी दी. यह साफ बता रहा था कि संजू सैमसन की इस पारी ने वो कमाल किया है जिसे टी20 वर्ल्ड के इतिहास में हमेशा ही याद रखा जाएगा.
सूर्यकुमार ने इसे निजी और खास अंदाज में कहा. “मैं हमेशा कहता हूं कि अच्छे लोगों के साथ अच्छा ही होता है, जो इंतजार करते हैं, जिनमें धैर्य होता है. मैंने अभी-अभी उनसे (सैमसन) यही कहा. यह उनकी मेहनत का ही नतीजा है, जो उन्होंने तब भी की जब वह नहीं खेल रहे थे, और अब उन्हें इसका फल सही समय पर मिल रहा है.”
सूर्यकुमार यादव ने इस सोच को और स्पष्ट किया, साथ ही बताया कि ईडन गार्डन्स में रात के समय हालात कैसे बदलते हैं. “हम जानते थे कि यहां ईडन में 200 रन का पीछा करना हमेशा अच्छा स्कोर होता है, खासकर ओस और दूसरी पारी में पिच के बदलने के बाद. गेंद बल्ले पर अच्छी तरह आती है. मुझे लगता है, बल्लेबाजों ने छोटी-छोटी साझेदारियों से मैच को गहराई तक ले जाना बहुत जरूरी था.”
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15 साल से ज्यादा वक्त से खेल पत्रकारिता से सक्रिय. Etv भारत, ZEE न्यूज की क्रिकेट वेबसाइट में काम किया. दैनिक जागरण वेबसाइट में स्पोर्ट्स हेड रहा. ओलंपिक, कॉमनवेल्थ, क्रिकेट और फुटबॉल वर्ल्ड कप कवर किया. अक्टूब...और पढ़ें
Location :
New Delhi,Delhi
First Published :
March 02, 2026, 08:42 IST

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