खुशखबरी आने वाली है! स्ट्रेट ऑफ होर्मुज संकट पर ईरान ने भारत को दिया वचन, अगले 72 घंटे अहम

1 hour ago

होमताजा खबरदेश

खुशखबरी आने वाली है! होर्मुज संकट पर ईरान ने दिया वचन, अगले 72 घंटे अहम

Last Updated:March 13, 2026, 18:29 IST

भारत में ईरान के राजदूत मोहम्मद फथाली ने भारत-ईरान दोस्ती को दुनिया के लिए मिसाल बताया है. उन्होंने दावा किया कि अगले 2-3 दिनों में इस दोस्ती का बड़ा नतीजा दिखेगा और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से जुड़ी 'खुशखबरी' मिलेगी. राजदूत ने कहा कि भारत की पीड़ा ईरान की पीड़ा है और दोनों देश मिलकर समस्याओं का समाधान निकाल रहे हैं. साथ ही, उन्होंने जंग शुरू करने वालों को भी कड़ी चेतावनी दी है.

खुशखबरी आने वाली है! होर्मुज संकट पर ईरान ने दिया वचन, अगले 72 घंटे अहमZoom

'अगले 3 दिनों में दुनिया देखेगी भारत-ईरान की दोस्ती का नतीजा', बोले ईरानी राजदूत मोहम्मद फथाली. (File Photo : PTI)

नई दिल्ली: ईरान के राजदूत मोहम्मद फथाली ने कहा है कि दुनिया के अन्य देशों का रुख चाहे जो भी हो, लेकिन भारत के साथ ईरान के संबंध ‘अटूट’ हैं. उन्होंने News18 से बातचीत में एक बड़ा सस्पेंस छोड़ते हुए कहा कि इस गहरी दोस्ती का बड़ा परिणाम अगले 2 से 3 दिनों के भीतर पूरी दुनिया के सामने होगा. राजदूत ने भावुक होते हुए यहां तक कह दिया कि ‘भारत के लोगों की पीड़ा हमारी अपनी पीड़ा है’. यह बयान ऐसे समय में आया है जब स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में तनाव चरम पर है और भारतीय नाविकों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बनी हुई हैं. ईरान के इस रुख ने साफ कर दिया है कि वह संकट की इस घड़ी में भारत को अपने सबसे भरोसेमंद साथी के रूप में देख रहा है.

क्या अगले 3 दिनों में होने वाला है कोई बड़ा धमाका?

ईरानी राजदूत मोहम्मद फथाली का सबसे चौंकाने वाला दावा समय सीमा को लेकर है. उन्होंने कहा कि भारत और ईरान के बीच जिस स्तर की बातचीत चल रही है, उसका नतीजा अगले 1, 2 या 3 दिनों में सबके सामने आ जाएगा. यह ‘नतीजा’ भारतीय नाविकों की रिहाई, तेल की निर्बाध सप्लाई या युद्ध को टालने के लिए भारत की मध्यस्थता से जुड़ा हो सकता है. फथाली ने भरोसा दिलाया कि ईरान के उच्च अधिकारियों ने दूतावास को निर्देश दिए हैं कि वे भारत सरकार के साथ मिलकर हर समस्या का समाधान निकालें.

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज और भारतीय नाविकों पर ‘गुड न्यूज’

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में फंसे भारतीय नाविकों की घर वापसी को लेकर राजदूत ने बड़ी उम्मीद जताई है. उन्होंने कहा कि कल ही ईरान के उच्च-स्तरीय अधिकारियों ने भारत सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों से लंबी चर्चा की है. फथाली के मुताबिक, ईरान पूरी कोशिश कर रहा है कि जो भी तकनीकी या कूटनीतिक समस्याएं हैं, उन्हें जल्द दूर किया जाए. उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, ‘आप निकट भविष्य में इस मामले में अच्छी खबर देख सकते हैं.’ यह संकेत देता है कि भारत का कूटनीतिक दबाव और ईरान के साथ उसके पुराने रिश्ते रंग ला रहे हैं.

‘हम जंग नहीं चाहते, लेकिन खत्म हम ही करेंगे’

जंग की धमकियों के बीच ईरानी राजदूत ने कड़ा रुख भी अख्तियार किया. उन्होंने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि ईरान युद्ध शुरू करने का पक्षधर नहीं है, लेकिन अगर किसी ने जंग थोपी तो उसका अंजाम ईरान ही तय करेगा. फथाली ने कहा, ‘अगर आप युद्ध शुरू करते हैं, तो उसे खत्म करना आपके बस में नहीं रहेगा. जंग का समय, उसकी अवधि और उसका भूगोल हमारे नियंत्रण में होगा.’

भारत की मदद के लिए ईरान ने जताया आभार

ईरान ने इस कठिन समय में भारत द्वारा दिए गए सहयोग के लिए शुक्रिया अदा किया है. राजदूत ने कहा कि दोनों देशों की किस्मत एक-दूसरे से जुड़ी हुई है. संकट के समय में जिस तरह से भारत सरकार ने ईरान की बात सुनी और मदद का हाथ बढ़ाया, वह दोनों देशों के ‘साझा भविष्य’ को दर्शाता है.

About the Author

Deepak Verma

दीपक वर्मा (Deepak Verma) एक पत्रकार हैं जो मुख्‍य रूप से विज्ञान, राजनीति, भारत के आंतरिक घटनाक्रमों और समसामयिक विषयों से जुडी विस्तृत रिपोर्ट्स लिखते हैं. वह News18 हिंदी के डिजिटल न्यूजरूम में डिप्टी न्यूज़...और पढ़ें

Location :

New Delhi,Delhi

First Published :

March 13, 2026, 18:21 IST

Read Full Article at Source