मुजफ्फरपुर में लीची उत्पादन को बढ़ावा देने की दिशा में जिले को बड़ी तकनीकी उपलब्धि मिली है. बीआरए बिहार विश्वविद्यालय के पूर्व साइंस डीन और पीजी जूलॉजी विभाग के पूर्व अध्यक्ष डॉ. मनेंद्र कुमार द्वारा विकसित मोटराइज्ड गर्डलिंग टूल को भारत सरकार के पेटेंट कार्यालय से पेटेंट मिल गया है. यह उपकरण लीची किसानों और बागवानों के लिए काफी उपयोगी साबित होगा. डॉ. मनेंद्र कुमार ने बताया कि पारंपरिक तरीके से हाथ से की जाने वाली गर्डलिंग प्रक्रिया कठिन, समय लेने वाली और जोखिम भरी होती है. कई बार कट की गहराई सही न होने से पेड़ को नुकसान पहुंचता है. वहीं, यह मोटरचालित टूल शाखा पर समान और नियंत्रित गहराई में कट लगाता है, जिससे पेड़ सुरक्षित रहता है और कम समय में काम पूरा हो जाता है.
Last Updated:January 31, 2026, 17:39 ISTमुजफ्फरपुरदेश
न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। बिहार की ताजा खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें |

1 hour ago

