'बैंक वाले भी…' CJI जस्टिस सूर्यकांत ने CBI, RBI और गृह मंत्रालय को हड़काया, दिया 2 हफ्ते का अल्टीमेटम

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Last Updated:February 09, 2026, 16:09 IST

CJI Surya Kant News: सुप्रीम कोर्ट में आज डिजिटल अरेस्ट फ्रॉड मामले पर सुनवाई हुई. सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने इस मामले पर सीबीआई, बैंक कर्मचारियों और आरबीआई के रवैये से नराजगी जताई. साथ ही उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्रालय को एसओपी जारी करने के लिए 2 हफ्ते का अल्टीमेटम दिया. साथ ही कोर्ट ने CBI को मामलों की पहचान करने और RBI को बैंकों पर कार्रवाई करने के आदेश दिए गए हैं. कोर्ट ने बुजुर्गों (Senior Citizens) के साथ हो रही ठगी पर चिंता जताई है.

'बैंक वाले भी…' CJI जस्टिस सूर्यकांत ने CBI, RBI और HM को किस मामले पर हड़कायाZoom

सुप्रीम कोर्ट ने डिजिटल अरेस्ट पर सीबीआई, आरबीआई और गृह मंत्रालय को सख्त कदम उठाने के आदेश दिए हैं. (पीटीआई)

Supreme Court Hearing on Digital Arrest: सुप्रीम कोर्ट ने डिजिटल अरेस्ट (Digital Arrest) जैसे साइबर फ्रॉड के मामले पर सख्त रूख अपनाया है. सोमवार को इस मामले पर सुनवाई करते हुए सीजेआई सूर्यकांत (XJI Justice Surya Kant) ने जिम्मेदार एजेंसियों पर लापरवाही का आरोप लगाया है. चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्यकांत ने गृह मंत्रालय को दो हफ्ते में एसओपी जारी करने के आदेश दिए हैं. इस दौरान उन्होंने कहा कि, ‘हमने देखा है कि कई मामलों में बैंक अधिकारी पूरी तरह से आरोपियों के साथ मिले हुए हैं, खासकर डिजिटल अरेस्ट जैसे मामलों में.’

सुप्रीम कोर्ट ने साइबर फ्रॉड के बढ़ते सिंडिकेट को तोड़ने के लिए सीबीआई (CBI) और आरबीआई (RBI) को सीधे निर्देश जारी किए हैं. कोर्ट ने सीबीआई को निर्देश देते हुए कहा कि एजेंसी तुरंत डिजिटल अरेस्ट से जुड़े मामलों की अलग से पहचान करे और कार्रवाई तेज करे. वहीं, कोर्ट ने भारतीय रिजर्व बैंक से कहा है कि वह ‘जारीकर्ता बैंक’ (Issuing Bank) के स्तर पर उचित कार्रवाई सुनिश्चित करे. यानी जिन खातों से फ्रॉड का पैसा इधर-उधर किया जा रहा है, उन पर बैंक की जवाबदेही तय हो.

बुजुर्गों का दर्द: पूरी जिंदगी की कमाई चली गई

सुनवाई के दौरान CJI ने एक भावुक टिप्पणी भी की. उन्होंने कहा, ‘इन मामलों में अक्सर वरिष्ठ नागरिक शामिल होते हैं… एक रिटायर्ड दंपत्ति था, जिसकी पूरी ज़िंदगी की जमा पूंजी एक झटके में चली गई.’ कोर्ट ने चिंता जताई कि कैसे रिटायरमेंट के बाद सुकून की जिंदगी जीने की चाह रखने वाले बुजुर्ग इन ट्रांसनेशनल साइबर सिंडिकेट्स (अंतरराष्ट्रीय गिरोह) का शिकार बन रहे हैं.

गृह मंत्रालय को नोटिस

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार और गृह मंत्रालय (MHA) को निर्देश दिया है. कोर्ट ने कहा कि 2 जनवरी 2026 को तैयार किए गए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) को पूरे देश में लागू किया जाए. कोर्ट ने साफ कहा कि इन नियमों को 2 हफ्ते के भीतर अधिसूचित (Notify) किया जाना चाहिए. इसका मुख्य उद्देश्य गृह मंत्रालय, आरबीआई और टेलीकॉम अथॉरिटीज़ के बीच तालमेल बढ़ाना है, ताकि धोखाधड़ी के शिकार लोगों का पता लगाया जा सके और उन्हें न्याय मिल सके. अटॉर्नी जनरल आर. वेंकटरमणी ने सरकार की तरफ से स्टेटस रिपोर्ट कोर्ट में पेश की, जिस पर कोर्ट ने ये निर्देश जारी किए हैं.

Q1. डिजिटल अरेस्ट के मामलों में सुप्रीम कोर्ट ने बैंक अधिकारियों को लेकर क्या चौंकाने वाली टिप्पणी की है?
जवाब: सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्यकांत ने बेहद सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि, ‘हमने देखा है कि कई मामलों में बैंक अधिकारी पूरी तरह से आरोपियों (साइबर ठगों) के साथ मिले हुए हैं.’ कोर्ट ने चिंता जताई कि बैंक अधिकारियों की मिलीभगत के कारण ही ठग आसानी से लोगों, खासकर बुजुर्गों की पूरी जिंदगी की जमा पूंजी (Life Savings) उड़ा ले जा रहे हैं.

Q2. सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार और जांच एजेंसियों (CBI/RBI) को क्या निर्देश दिए हैं?
जवाब: कोर्ट ने साफ निर्देश दिया है कि 2 जनवरी 2026 को तैयार किए गए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) को 2 हफ्ते के भीतर पूरे देश में लागू (Notify) किया जाए. इसके अलावा सीबीआई को निर्देश दिया गया है कि वह डिजिटल अरेस्ट के मामलों की अलग से पहचान करे. आरबीआई को निर्देश मिला है कि वह ‘जारीकर्ता बैंक’ के स्तर पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करे ताकि फ्रॉड के पैसे को रोका जा सके.

Q3. सुप्रीम कोर्ट इस मामले में किस बात की निगरानी कर रहा है?
जवाब: सुप्रीम कोर्ट इस बात की जांच कर रहा है कि देश के नागरिकों को निशाना बना रहे ट्रांसनेशनल साइबर सिंडिकेट्स (अंतरराष्ट्रीय गिरोह) पर लगाम लगाने के लिए सरकारी एजेंसियों के बीच कैसा तालमेल है. कोर्ट देख रहा है कि गृह मंत्रालय (MHA), आरबीआई (RBI) और टेलीकॉम अथॉरिटीज़ मिलकर धोखाधड़ी के शिकार लोगों की पहचान और मदद के लिए कैसे काम कर रहे हैं. कोर्ट ने सरकार द्वारा दाखिल स्टेटस रिपोर्ट की समीक्षा भी की है.

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Deep Raj Deepak

दीप राज दीपक 2022 में न्यूज़18 से जुड़े. वर्तमान में होम पेज पर कार्यरत. राजनीति और समसामयिक मामलों, सामाजिक, विज्ञान, शोध और वायरल खबरों में रुचि. क्रिकेट और मनोरंजन जगत की खबरों में भी दिलचस्पी. बनारस हिंदू व...और पढ़ें

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New Delhi,Delhi

First Published :

February 09, 2026, 16:09 IST

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