Last Updated:April 03, 2025, 20:56 IST
बीजेपी के दो सांसद जुएल ओराम और अपराजिता सारंगी वक्फ बिल संशोधन पर वोटिंग के समय गैरहाजिर रहे, जिससे पार्टी को मुश्किल हुई. आलाकमान ने उनसे जवाब तलब किया है.

बीजेपी ने वक्फ बिल पर वोटिंग से गायब रहे 2 सांसदों से जवाब मांगा है. (Image:PTI)
हाइलाइट्स
बीजेपी के दो सांसद वक्फ बिल वोटिंग में गैरहाजिर रहे.आलाकमान ने जुएल ओराम और अपराजिता सारंगी से जवाब मांगा.व्हिप के बावजूद गैरहाजिरी पार्टी अनुशासन का उल्लंघन.नई दिल्ली. हाल ही में संसद में वक्फ बिल संसोधन पर हुए एक महत्वपूर्ण मतदान के दौरान बीजेपी के दो सांसदों की गैरहाजिरी ने पार्टी को मुश्किल में डाल दिया. पार्टी के आलाकमान ने इन सांसदों से जवाब तलब किया है. सूत्रों के अनुसार मंत्री जुएल ओराम और सांसद अपराजिता सारंगी वोटिंग के समय गैरहाजिर थे. इसके अलावा तेलुगु देशम पार्टी (TDP) का एक सांसद भी वोटिंग के समय संसद में मौजूद नहीं था. इस घटना ने पार्टी के अनुशासन और एकजुटता को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं. खासकर उस समय जब व्हिप जारी किया गया था और सभी सांसदों से मतदान में भाग लेने की अपेक्षा की गई थी.
गौरतब है कि व्हिप पार्टी की ओर से एक आदेश होता है, जिसका उद्देश्य सुनिश्चित करना होता है कि सभी पार्टी के सदस्य एकजुट होकर मतदान में भाग लें. जब कोई सांसद व्हिप के बावजूद वोटिंग के समय उपस्थित नहीं होता, तो इसे पार्टी के अनुशासन के उल्लंघन के रूप में देखा जाता है. बीजेपी के आलाकमान ने इस मामले में सख्ती दिखाते हुए दोनों सांसदों से जवाब मांगा है कि उन्होंने मतदान में क्यों हिस्सा नहीं लिया और क्या उनके गैरहाजिर रहने के पीछे कोई विशेष कारण था.
केंद्रीय मंत्री जुएल ओराम, जो ओडिशा से सांसद हैं, और सांसद अपराजिता सारंगी, जो भी ओडिशा से प्रतिनिधित्व करती हैं, दोनों का यह कदम पार्टी के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है. बीजेपी द्वारा व्हिप जारी किया गया था, और ऐसे समय में जब पार्टी को अपनी ताकत और एकजुटता दिखाने की आवश्यकता थी, इन सांसदों का गैरहाजिर रहना पार्टी की छवि को प्रभावित कर सकता है.
इस घटना के बाद, पार्टी ने अपने सांसदों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जाए और सभी को पार्टी व्हिप का पालन करना चाहिए. पार्टी ने यह भी कहा है कि इस मामले की जांच की जाएगी और अगर किसी सांसद ने जानबूझकर मतदान में हिस्सा नहीं लिया, तो उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है. इसके अलावा, तेलुगु देशम पार्टी (TDP) के एक सांसद भी मतदान के समय गैरहाजिर थे, हालांकि उनकी गैरहाजिरी का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है. इस प्रकार, यह घटना न केवल बीजेपी के लिए बल्कि अन्य विपक्षी पार्टियों के लिए भी एक संदेश है कि संसद में उपस्थित होना और व्हिप का पालन करना कितना महत्वपूर्ण है.
Location :
New Delhi,Delhi
First Published :
April 03, 2025, 20:56 IST