वो मिसाइलें जो पलक झपकते कर सकती हैं सर्वनाश, एक की स्‍पीड 33000 KMPH से भी ज्‍यादा, Agni-V कितना पावरफुल

1 hour ago

होमफोटोदेश

वो मिसाइलें जो पलक झपकते कर सकती हैं सर्वनाश, एक की स्‍पीड तो 33000 KMPH

Last Updated:February 13, 2026, 09:10 IST

World 5 Most Destructive Missile: दुनिया में इन दिनों सामरिक हालात बेहद खतरनाक मोड़ पर है. हर देश खुद के असुरक्षित महसूस कर रहा है. ईरान अटैक के बाद वेनेजुएला ऑपरेशन ने ग्‍लोबल लेवल पर सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा कर दी हैं. इसे देखते हुए हर देश अपने डिफेंस सिस्‍टम को मजबूत करने में जुटा है. भारत भी इस मामले में पीछे नहीं है. अमेरिका, रूस, चीन जैसे देश मिसाइल टेक्‍नोलॉजी में काफी आगे हैं. भारत के अलावा कई अन्‍य देशों के पास भी ICBM हैं, जिनकी स्‍पीड 20000 KMPH से ज्‍यादा है.

21वीं सदी में डिफेंस का पूरा सिस्‍टम बदल चुका है. अल्‍ट्रा मॉडर्न टेक्‍नोलॉजी के आगमन के बाद एरियल डिफेंस सिस्‍टम की अहमियत बढ़ चुकी है. फाइटर जेट काफी महत्‍वपूर्ण हो चुका है. इसके अलावा मिसाइल टेक्‍नोलॉजी ने भी सबका ध्‍यान खींचा है. जिस देश के पास लंबी दूरी तक मार करने वाली मिसाइल्‍स हैं, वो उतना ही ताकतवर है. मिसाइल टेक्‍नोलॉजी के क्षेत्र में भारत किसी से कम नहीं है. (फोटो: AP)

AGNI-V Missile: भारत की लंबी दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल Agni-5 ने देश की सामरिक ताकत को और मजबूत किया है. लगभग 5,000 किलोमीटर से अधिक मारक क्षमता वाली यह मिसाइल परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम है. इसकी स्‍पीड 24 मैक यानी तकरीबन 30000 किलोमीटर प्रति घंटा है. इसे रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन Defence Research and Development Organisation (DRDO) ने विकसित किया है. कैनिस्टर बेस्‍ड लॉन्च सिस्टम से लैस अग्नि-5 को कम समय में तैनात किया जा सकता है. हालिया परीक्षणों की सफलता के बाद भारत की प्रतिरोधक क्षमता और रणनीतिक संतुलन को नई धार मिली है. (फोटो: PTI)

Avangard Missile: रूस की हाइपरसोनिक मिसाइल सिस्‍टम Avangard एक बार फिर वैश्विक सुरक्षा चर्चा के केंद्र में है. यह हाइपरसोनिक ग्लाइड व्हीकल इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल के जरिये प्रक्षेपित होकर ध्वनि की गति से कई गुना अधिक रफ्तार से लक्ष्य की ओर बढ़ता है. रूसी रक्षा मंत्रालय के अनुसार, इसकी गति मैक 20 से मैक 27 के बीच बताई जाती है. यानी यह मिसाइल 33000 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से टार्गेट पर अटैक कर सकती है. यह उड़ान के दौरान दिशा बदलने में सक्षम है, जिससे मौजूदा मिसाइल रक्षा प्रणालियों के लिए इसे रोकना बेहद कठिन माना जाता है. विशेषज्ञों का कहना है कि Avangard रूस की सामरिक प्रतिरोधक क्षमता को नई मजबूती देता है और वैश्विक हथियार संतुलन पर असर डालता है. (फोटो: AP)

Add News18 as
Preferred Source on Google

DF-41 Missile: चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी की सबसे आधुनिक इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल DF-41 एक बार फिर वैश्विक सुरक्षा हलकों में चर्चा का केंद्र बनी है. सॉलिड फ्यूल से ऑपरेट यह मिसाइल करीब 12,000 से 15,000 किलोमीटर तक मार करने में सक्षम मानी जाती है. यह मैक 25 यानी 31000 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से टार्गेट पर अटैक कर सकती है. विशेषज्ञों के अनुसार, यह मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टार्गेटेबल री-एंट्री व्हीकल (MIRV) तकनीक से लैस है, जिससे एक साथ कई परमाणु वारहेड दागे जा सकते हैं. सड़क पर चलने वाले मोबाइल लॉन्चर से दागी जाने वाली DF-41 चीन की रणनीतिक प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करती है और एशिया-प्रशांत क्षेत्र में शक्ति संतुलन पर असर डालती है. (फोटो: Reuters)

Trident-2 Missile: अमेरिका की पनडुब्बी से दागी जाने वाली बैलिस्टिक मिसाइल Trident II D5 (ट्राइडेंट-2) एक बार फिर चर्चा में है. हालिया परीक्षण के दौरान मिसाइल ने तय दूरी और लक्ष्य को सफलतापूर्वक भेदा, जिससे इसकी मारक क्षमता और सटीकता की पुष्टि हुई. यह परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल है, जिसे अमेरिकी नौसेना की ओहायो श्रेणी की पनडुब्बियों पर तैनात किया गया है. करीब 7000 से 12000 किलोमीटर तक मार करने वाली यह मिसाइल अमेरिका की सामरिक न्‍यूक्लियर ट्राइडेंट का अहम हिस्सा मानी जाती है. यह दुश्‍मनों पर 29000 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हमला कर सकती है. विशेषज्ञों के अनुसार, यह परीक्षण रणनीतिक प्रतिरोधक क्षमता को और मजबूत करता है.

Minuteman-3 Missile: अमेरिका ने अपनी सामरिक ताकत को और मजबूत करते हुए LGM-30G Minuteman III इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल का सफल परीक्षण किया है. अमेरिकी वायुसेना के मुताबिक यह परीक्षण कैलिफोर्निया स्थित वैंडेनबर्ग स्पेस फ़ोर्स बेस से किया गया. यह मिसाइल लगभग 13000 किलोमीटर तक मार करने में सक्षम है और परमाणु वारहेड ले जाने की क्षमता रखती है. अधिकारियों ने कहा कि परीक्षण का उद्देश्य मिसाइल प्रणाली की विश्वसनीयता और तत्परता को परखना था. अमेरिका की परमाणु त्रिस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था में Minuteman-3 अहम भूमिका निभाती है और दशकों से सामरिक प्रतिरोध का मुख्य स्तंभ रही है. (फोटो: AP)

न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। बजट 2026 की लाइव खबर यहां पढ़ें |

First Published :

February 13, 2026, 09:05 IST

Read Full Article at Source