अमेरिका में गुटखा खाकर बालकनी में थूक दे रहा देसी पड़ोसी, परेशान होकर पुलिस बुलाई लेकिन फिर

6 days ago

Spitting Gutkha In US: अमेरिका में रहने वाले एक भारतीय ने अपने 'देसी पड़ोसी' की शिकायत रेडिट पर की. उसने कहा कि पड़ोसियों का बुरा व्यवहार और शोर-शराबा भारतीयों के खिलाफ नफरत बढ़ा रहा है. उसने लिखा कि ये लोग असभ्य हैं और दूसरों का ध्यान नहीं रखते. उसने बताया, "मैं इस बिल्डिंग में छह साल से रहता हूं, कभी दिक्कत नहीं हुई. लेकिन हाल ही में एक परिवार नीचे आया, जिसमें माता-पिता और उनके बेटा-बेटी हैं. तब से सबकी जिंदगी मुश्किल हो गई." बिल्डिंग लकड़ी की है, इसलिए शोर आसानी से सुनाई देता है. ये लोग जोर-जोर से चलते हैं, जिससे टीवी और फर्नीचर तक हिलने लगते हैं. सुबह से शाम तक ये सिलसिला चलता है.

बातचीत नाकाम रही

उसने पड़ोसियों से शोर कम करने को कहा, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ. अमेरिकी पड़ोसियों ने भी कोशिश की, पर भाषा की समस्या आई. परिवार को अंग्रेजी नहीं आती थी. फिर अमेरिकी पड़ोसियों ने उससे मदद मांगी. एक बार तो हद हो गई और पुलिस बुलानी पड़ी. पड़ोसी का पति गुजराती में चिल्लाया, जबकि उसे अंग्रेजी में बात करने को कहा गया था.

एक दूसरा पड़ोसी जो रात की नौकरी करता है, शोर से सो नहीं पाता.परिवार जोर-जोर से बात करता है और चलता है. शोर इतना बढ़ गया कि कई पड़ोसियों ने पुलिस को फोन किया. उसने कहा कि अमेरिका में सभ्यता जरूरी है. सबको एक-दूसरे का ध्यान रखना चाहिए.

गुटखा थूकने की शिकायत

उसने परिवार पर गुटखा थूकने का भी इल्जाम लगाया. एक साउथ इंडियन पड़ोसी ने बताया कि वे पान और गुटखा उनकी बालकनी पर थूकते हैं, जिससे बदबू फैलती है. उनकी छोटी बेटी ने भी शिकायत की. उसने खुद कई बार पड़ोसी को थूकते देखा. उसकी पत्नी जो गुजराती समझती है, उसने बताया कि वे जोर-जोर से पैसे की बात करते हैं, जो साफ सुनाई देता है.

अमेरिकी पड़ोसियों का ताना

अमेरिकी पड़ोसियों ने मजाक में उससे कहा, "ये तुम्हारे लोग हैं." उसने माफी मांगी और कहा कि उसने बहुत कोशिश की, पर परिवार नहीं सुधरा. उसने कहा कि बार-बार समझाने और पुलिस बुलाने के बाद भी कोई बदलाव नहीं आया. वे सभ्यता के नियम नहीं मानते.

Read Full Article at Source