Last Updated:March 24, 2025, 14:38 IST
Airport News: कोलकाता एयरपोर्ट पर जल्द बड़ा बदलाव होने वाला है. इस बदलाव को लेकर आज से ट्रायल शुरू होने जा रहे हैं. तीन महीनों तक सबकुछ ठीक रहा तो कोलकाता एयरपोर्ट की उपलब्धियों में एक नई तारीख शामिल हो जाएगी.

कोलकाता एयरपोर्ट में जल्द होने वाले हैं बड़े बदलाव. (फाइल फोटो)
हाइलाइट्स
एयरपोर्ट पर होने जा रहे हैं कुछ बड़े बदलाव.सोमवार से शुरू हो रहा है ट्रॉयल ऑपरेशन.एटीसी से 3 महीने चलेंगे ज्वाइंट ऑपरेशन.Kolkata Airport News: कोलकाता एयरपोर्ट पर जल्द ही एक नई तारीख दर्ज होने वाली है. वहीं, इस तारीख के दर्ज होते ही कोलकाता एयरपोर्ट पर सबकुछ बदल जाएगा. वहीं इस बदलाव का असर आपकी फ्लाइट पर भी पड़ने वाला है. दरअसल, यहां पर बात कोलकाता एयरपोर्ट पर तैयार हुए नए एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) टावर की हो रही है. एयरपोर्ट सूत्रों की मानें तो नया एटीसी टावर न केवल फ्लाइट ऑपरेशन के लिए बिल्कुल तैयार है, बल्कि आज यानी सोमवार से काम करना भी शुरू कर देगा.
फिलहाल, नया और पुराना एटीसी टॉवर मिलकर काम करेंगे. दोपहर के समय दो घंटे नए एटीसी टॉवर से फ्लाइट ऑपरेशन होंगे, बाकी समय पुराने टावर से ही फ्लाइट ऑपरेशन होंगे. यह सिलसिला अगले तीन महीने तक चलेगा. इन तीन महीनों के दौरान सबकुछ ठीक रहा तो पुराना एटीसी टावर इतिहास की तारीख में दर्ज हो जाएगा और नया एटीसी टावर कोलकाता एयरपोर्ट की नई तारीख बन जाएगा. कोलकाता एयरपोर्ट की इस बदली हुई तारीख का फायदा एयरलाइंस के साथ-साथ पैसेंजर्स को भी मिलेगा.
हॉट स्टैंडबाय में रहेगा पुराना टर्मिनल
एयरपोर्ट सूत्रों के अनुसार, नए ATC टावर में लाइव परीक्षण सोमवार दोपहर से शुरू होगा. इसके लिए दिन का वह समय चुना गया है जब एयर ट्रैफिक कम होता है. कंट्रोलर सोमवार से शुक्रवार के बीच दोपहर दो बजे से शाम चार बजे तक नए टावर से काम करेंगे. वे कोलकाता आने-जाने वाली उड़ानों से संपर्क कर लैंडिंग व टेकऑफ की निगरानी करेंगे. इस दौरान पुराना ATC ‘हॉट स्टैंडबाय’ पर रहेगा. यानी जरूरत पड़ने पर वह तुरंत काम संभाल लेगा.
नया टावर भले ही आधुनिक हो, लेकिन इसमें अभी 2012 का पुराना सिस्टम इस्तेमाल होगा. एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) के सूत्रों का कहना है कि नया सिस्टम चुनने, खरीदने, लगाने और शुरू करने में 18 से 24 महीने लग सकता है. इतना लंबा इंतजार करने के बजाय एएआई ने पुराने सिस्टम के एडवाइंस वर्जन के साथ टावर को शुरू करने का फैसला किया है. दोपहर के इन दो घंटों में कोलकाता एयरपोर्ट पर करीब 40 उड़ानें आती-जाती हैं. इस दौरान नए टावर में 8 कंट्रोलर ड्यूटी पर रहेंगे.
पुराने टावंर से करीब 75 फीट ऊंचा है नया एटीसी
इसके साथ ही, ऑपरेशन पर निगरानी रखने के लिए कम्युनिकेशन, नेविगेशन और सर्विलांस टीम के टेक्नीशियन भी मौजूद रहेंगे, ताकि सिस्टम ठीक से काम करे. उल्लेखनीय है कि नया ATC टावर करीब 187 फीट ऊंचा है, जो पुराने टावर से करीब 75 फीट ऊंचा है. पुराने एटीसी की ऊंचाई करीब 112 फीट है. नए टावर में काम करने की जगह 2,475 वर्ग फीट होगी, जबकि पुराने टावर में यह सिर्फ 1,260 वर्ग फीट थी, जो काफी छोटी थी. पिछले साल फरवरी में टावर का निर्माण और बिजली व ऑप्टिक फाइबर केबल का काम पूरा हो गया था.
एयरपोर्ट सूत्रों के अनुसार, मौजूदा एटीसी टावर की सुरक्षा सेंट्रल इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स (CISF) के जिम्मे है. नए एटीसी टावर की सुरक्षा दो हिस्सों में बांटा गया है. नई व्यवस्था के तहत तकनीकी ब्लॉक की सुरक्षा निजी एजेंसी के पास रहेगी, जबकि अन्य हिस्सों की सुरक्षा सीआईएसएफ के देखरेख में ही रहेगी. आपको बता दें कि 20 फरवरी को सभी सुरक्षा नियमों का पालन करते हुए समानांतर सिस्टम का सफल परीक्षण किया गया था.
First Published :
March 24, 2025, 14:38 IST