MA की हासिल की डिग्री, फिर DSP से बनें IPS Officer, अब हो गए हैं सस्पेंड

17 hours ago

Last Updated:February 21, 2025, 19:06 IST

IPS Story: कहा जाता है कि पॉवर नशा एक ऐसा नशा होता है, जिसमें इंसान को कुछ भी नहीं दिखता है. इसके बाद वह ऐसी गलतियां कर बैठता है, जिसकी वजह से उनकी छवि भी धूमिल हो जाती है. ऐसी ही कहानी एक IPS ऑफिसर की है.

MA की हासिल की डिग्री, फिर DSP से बनें IPS Officer, अब हो गए हैं सस्पेंड

IPS Story: DSP से IPS Officer बनकर अब सस्पेंड हो गए हैं.

हाइलाइट्स

IPS डी. मगेश कुमार इस वजह से सस्पेंड हो गए हैं.MA की डिग्री हासिल कर चुके हैं.मामले की जांच डीजीपी रैंक की अधिकारी सीमा अग्रवाल कर रही हैं.

IPS Story: कहते हैं न कि पॉवर का नशा ऐसा होता है कि पढ़ा-लिखा इंसान को भी अंधा कर देता है. फिर उसे गलत और सही कुछ नहीं दिखता है. ऐसे ही कहानी एक IPS ऑफिसर की है, जिन पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगने की वजह से उन्हें सस्पेंड कर दिया गया है. वह DSP से IPS ऑफिसर बने हैं. हम जिनकी बात कर रहे हैं, उनका नाम डी. मगेश कुमार है. डी. मगेश (IPS D. Magesh Kumar) संयुक्त पुलिस आयुक्त के पद पर कार्यरत रहे हैं.

संयुक्त पुलिस आयुक्त (यातायात, उत्तर) डी. मगेश कुमार को यौन उत्पीड़न के आरोपों के चलते सस्पेंड कर दिया गया है. दो महिला कांस्टेबलों ने राज्य के पुलिस महानिदेशक शंकर जीवाल के समक्ष आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई थी.

पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन में है मास्टर डिग्री
IPS ऑफिसर डी. मगेश कुमार मूलरूप से तमिलनाडु के डिंडीगुल जिले से ताल्लुक रखते हैं. उन्होंने पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन से मास्टर डिग्री हासिल की हैं. इसके बाद डी. मगेश कुमार वर्ष 1999 में डीएसपी के रूप में पुलिस बल में शामिल हुए थे और बाद में उन्हें आईपीएस का दर्जा मिला. उन्होंने अंबत्तूर में पुलिस उपायुक्त और कृष्णगिरि जिले में सुपरिटेंडेट ऑफ पुलिस के रूप में भी कार्य किया है.

महिला कांस्टेबलों ने लगाए ये आरोप
पीड़ित महिला कांस्टेबलों में से एक ने आरोप लगाया कि डी. मगेश कुमार कई महीनों से उन्हें यौन संबंध बनाने के लिए मजबूर कर रहे थे. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो उन्होंने टेक्स्ट मैसेज और वीडियो कॉल के जरिए उन्हें परेशान करना जारी रखा. शिकायतकर्ता ने अपनी शिकायत के समर्थन में टेक्स्ट संदेशों और वीडियो कॉल के स्क्रीनशॉट प्रस्तुत किए हैं.

DGP रैंक के अधिकारी कर रहे हैं जांच
मामले की जांच के लिए इंटरनल कंप्लेंट कमेटी (ICC) को सौंपा गया है, जिसका नेतृत्व डीजीपी रैंक की अधिकारी सीमा अग्रवाल कर रही हैं. समिति की रिपोर्ट के आधार पर आगे की अनुशासनात्मक और कानूनी कार्रवाई की जाएगी.

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First Published :

February 21, 2025, 19:06 IST

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